
उत्तर प्रदेश के चर्चित कथावाचक और भजन कलाकार इंद्रेश उपाध्याय की शादी ने हाल ही में जयपुर में खूब सुर्खियां बटोरी हैं. भक्ति भजन और धार्मिक कथा‑वाचन के लिए जाने जाने वाले इंद्रेश ने अपने जीवन के इस खास पड़ाव पर दुल्हन शिप्रा शर्मा के साथ नया अध्याय शुरू किया. दोनों की जोड़ी को लोग बहुत पसंद कर रहे हैं और सोशल मीडिया पर ढेर सारा प्यार दे रहे हैं.
इंद्रेश उपाध्याय कितने हैं पढ़े लिखे? कैसे बने कथावाचक
इंद्रेश उपाध्याय का जन्म 7 अगस्त 1997 को वृंदावन में हुआ. उनके पिता कृष्ण चंद्र शास्त्री भी दशकों से कथा वाचन कर रहे हैं. मात्र 13 साल की उम्र में इंद्रेश ने भगवद गीता कंठस्थ कर ली थी और छोटी उम्र से ही कथा वाचन में अपनी अलग पहचान बना ली थी. प्रारंभिक शिक्षा उन्होंने कान्हा माखन पब्लिक स्कूल से ली. इसके बाद इंद्रेश अपने पिता के साथ भजन और कथा कार्यक्रमों में शामिल होने लगे. वर्तमान में वे भगवान श्री कृष्ण की कथाएं सुनाने में सक्रिय हैं.
