नाजिम खा पत्रकार कमालगंज

बांग्लादेश में आगामी 13वें संसदीय चुनाव की तारीखों का ऐलान हो चुका है. इस देश में 330 सीटों के लिए 12 फरवरी 2026 को वोटिंग होगी और उसी दिन मतगणना भी की जाएगी. इस देश में सरकार बनाने के लिए किसी भी पार्टी और गठबंधन को 151 सीटें की जरूरत होगी. बांग्लादेश में चुनाव आयोग के इस बड़े ऐलान के बाद बैन हो चुकी शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग को लेकर हर तरफ बात हो रही है. इस पार्टी को चुनाव ना लड़ने देने की साजिश यूनुस ने पहले ही कर ली थी. बांग्लादेश में आवामी लीग से बैन हटने की मांग तेज हो गई है. आगे जानें यूनुस की चालबाजी क्या है और शेख हसीना की गैर हाजिरी में भी ये पार्टी बांग्लादेश के लिए कितनी अहम है.
चुनाव से पहले यूनुस की चालबाजी
बांग्लादेश अवामी लीग को चुनाव लड़ने से रोक देने वाले यूनुस से फैसले से यह साफ हो गया है कि वर्तमान सत्ता पूरी तरह पक्षपाती है, और इसके रहते हुए कोई भी फैसला ऐसा नहीं हो सकता है, जो निष्पक्ष हो. अवामी लीग पहले ही इशारा कर चुकी है कि जनता को पारदर्शिता, निष्पक्षता की उम्मीद नहीं करनी चाहिए.
