*सीता मिश्रा राष्ट्रीय अध्यक्ष*

रूस-यूक्रेन की जंग खत्म करने की बात जरूर चल रही है लेकिन इस बीच तनाव और भी इंटेंस हो गया है. अमेरिका एक तरह से रूस के फेवर में बात कर रहा है और यूक्रेन का साथ देते हुए यूरोप के देश पुतिन पर आंखें तरेर रहे हैं. इस बीच पुतिन के उस ‘ड्रीम प्लान’ के बारे में चर्चाएं तेज हो गई हैं, जिससे यूरोप के 40 देश बुरी तरह घबराते हैं. ये पुतिन का ‘अखंड रूस’ बनाने की सपना है, जिस पर हाल ही में क्रेमलिन की तरफ से स्टेटमेंट जारी करके स्टैंड साफ कर दिया गया है.
‘पुतिन एक दिन NATO पर हमला करेंगे’
रूसी राष्ट्रपति कार्यालय क्रेमलिन ने मंगलवार को जर्मन चांसलर फ्रेडरिक मेर्ज के एक शॉकिंग बयान पर तीखा जवाब दिया है. जिसमें दावा किया गया था कि पुतिन ‘पुराने सोवियत संघ’ को वापस लाना चाहते हैं. उन्होंने ये भी कहा था कि रूस अगर यूक्रेन से जीत जाता है तो पुतिन एक दिन NATO पर हमला करेंगे. वेस्ट से प्रेरित विरोधियों का मानना है कि पुतिन के राज में रूस ‘सड़ रहा है’.
क्रेमलिन ने उड़ाई धज्जियां
क्रेमलिन ने नाराजगी जाहिर करते हुए इन स्टेटमेंट्स को पूरी तरह गलत और ‘बेवकूफाना’ करार दिया है. क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा है कि यूरोपीय देशों का ये दावा सच नहीं है, उनके मुताबिक ‘व्लादिमीर पुतिन सोवियत संघ को बहाल नहीं करना चाहते क्योंकि ये संभव ही नहीं है और उन्होंने खुद ये बात बार-बार दोहराई है’.
