GSP NEWS चैनल नाजिम खान वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष फर्रुखाबाद की रिपोर्ट
आज 25 दिसम्बर हेप्पी क्रिसमस डे के शुभ त्यौहार पर जनपद व प्रदेश व देशवासियों को हार्दिकशुभकामनाएं
GSP NEWS चैनल परिवार की ओर से प्रभु ईशू ने मानव जीवन के लिए अपने जीवन समर्पित कर दिया था आज प्रभू ईशू को याद कर संसार में मानवता के बीच में फैली दया और ईश्वर में श्रद्धा की भावनाओं को जागृति क्या जाता हैं 25 दिसंबर को क्रिसमस डे या बिग डे के रूप में मनाया जाता है। यह ईसाई धर्म का एक महत्वपूर्ण त्योहार है, जो ईसा मसीह के जन्म की याद में मनाया जाता है।क्रिसमस डे का इतिहास 4वीं शताब्दी में शुरू होता है, जब रोमन साम्राज्य में ईसाई धर्म को मान्यता दी गई थी। उस समय, ईसा मसीह के जन्म की तिथि के बारे में कोई निश्चित जानकारी नहीं थी, लेकिन 4वीं शताब्दी में, पोप जूलियस ने 25 दिसंबर को ईसा मसीह के जन्म की तिथि के रूप में घोषित किया। था क्रिसमस डे की परंपराएं विभिन्न देशों और संस्कृतियों में अलग-अलग होती हैं, लेकिन कुछ सामान्य परंपराएं हैं: जैसे कि क्रिसमस ट्री सजाना: क्रिसमस ट्री को सजाना एक पारंपरिक गतिविधि है, जिसमें लोग ट्री पर रोशनी, गेंदें, और अन्य सजावटी वस्तुएं लगाते हैं उपहार देना: क्रिसमस डे पर लोग अपने प्रियजनों को उपहार देते हैं क्रिसमस कैरोल गाना: क्रिसमस कैरोल गाना एक पारंपरिक गतिविधि है, जिसमें लोग ईसा मसीह के जन्म के बारे में गीत गाते हैं। रिवार के साथ समय बिताना: क्रिसमस डे पर लोग अपने परिवार के साथ समय बिताते हैं और साथ में भोजन करते हैं।क्रिसमस डे का महत्व ईसाई धर्म में बहुत अधिक है, क्योंकि यह ईसा मसीह के जन्म की याद में मनाया जाता है। यह त्योहार प्रेम, करुणा, और सद्भावना का प्रतीक है।