GSP NEWS चैनल प्रदेश प्रभारी जुल्फिकार खान की रिपोर्ट 
चित भी मेरी पट्ट भी मेरी टैय्या मेरे बाप का जैसी मानसिकता रखने वाले झूठे व अहंकारी लोगों को सत्ता से बेदखल कर इनका इलाज करने में ही सभी असंवैधानिक तत्वों का इलाज भी समाहित हैं । लेकिन जनता इस मूल समस्या के समाधान पर ध्यान ही नहीं दे रही है। इस बजह से लगातार अपने हक हकूक सहित संवैधानिक व लोकतांत्रिक अधिकार खोती जा रही है। आप सभी जानते और मानते हैं कि वर्तमान महंगाई और बेरोजगारी सहित तमाम अत्याचारों को देखते हुए वर्तमान संघी मोदी सरकार विशेष तौर पर दलितों, पिछड़ों व अल्पसंख्यकों के हित में बिल्कुल नहीं है, तो इसको सत्ता से हटाए बिना आप समाज का बेहतर भविष्य और बेहतर सरकार की उम्मीद कैसे कर सकते हो ? आप यदि मोदी सरकार को हटाना चाहते हो तो फिर इसे हटाने में जो भी सक्षम नजर आए उसके साथ खडा होना पडेगा । 2924 के चुनाव में तमाम साजिशों के बाबजूद यदि कांग्रेस के सौ के बजाए सवा सौ सांसद आ गए होते तो फिर यह लक्ष्य हासिल किया जा सकता था और इसके लिए पिछड़ों को यानि कि जाट, गुर्जर, कुर्मी, यादव, शाक्य, लोधी और दलितों में पासी व जाटवों को भाजपा सहित अपने अपने समाज के प्रत्याशियों को या अपनी अपनी जातियों के दलों के वोट कटुए/भाजपा को जिताने के लिए खड़े किए गए प्रत्याशियों को वोट देने के बजाए इन समाजों के 10-15% वोट भी यदि कांग्रेस को पड जाते तो फिर भाजपा प्रत्याशी हारते और भाजपा तीसरी बार सरकार नहीं बना पाती। इस तरह पहला मकसद पूरा करके दूसरा लक्ष्य हासिल करने हेतु जनकल्याणकारी कांग्रेस सरकार बनाने का प्रयास करते और अपने मुद्दों पर सरकार चलवाते, तो इसमें हर्ज क्या थी ? हम सभी यह जानते हैं कि वर्तमान में सर्व समाज का हमदर्द श्री राहुल गाँधी जैसा दूसरा नेता भारत ही नहीं बल्कि दुनियाँ भर में और कोई नहीं है, फिर भी हम सभी जातियता अहंकार के चलते इतना ज्यादा क्यों बंटे हुए हैं? आओ हम सभी कांग्रेस के साथ चलें और देश व समाज की मजबूती हेतु काम करें।
